गुड गवर्नेंस कागजों पर नहीं काम-काज में दिखना चाहिए, सीएम ने सुशासन पर दिया जोर - CGKIRAN

गुड गवर्नेंस कागजों पर नहीं काम-काज में दिखना चाहिए, सीएम ने सुशासन पर दिया जोर


सीएम विष्णुदेव साय ने शनिवार को ई प्रगति पोर्टल का शुभारंभ किया. इस अवसर पर उन्होंने सुशासन और नवाचारों के क्षेत्र में प्रदेश के पांच जिलों को मुख्यमंत्री उत्कृष्टता पुरस्कार से सम्मानित किया. मुख्यमंत्री ने कहा सुशासन केवल फाइलों, नियमों या भाषणों का विषय नहीं होना चाहिए, बल्कि उसका प्रत्यक्ष प्रभाव आम लोगों के जीवन और प्रशासनिक कार्यशैली में नजर आना चाहिए। मुख्यमंत्री ने सरकारी खरीदी, निर्माण कार्यों और परियोजनाओं के क्रियान्वयन में पारदर्शिता पर विशेष जोर देते हुए अधिकारियों को स्पष्ट संदेश दिया कि किसी भी स्तर पर अनियमितता स्वीकार नहीं की जाएगी।  सीएम साय ने इस दौरान अधिकारियों को संबोधित करते हुए कहा कि गुड गवर्नेंस कागजों पर नहीं, बल्कि जनता के जीवन में सकारात्मक बदलाव और अधिकारियों के काम-काज में दिखना चाहिए.

मुख्यमंत्री उत्कृष्टता पुरस्कार 2025-26

रायपुर में मुख्यमंत्री उत्कृष्टता पुरस्कार 2025-26 कार्यक्रम का आयोजन किया गया. सीएम ने सुशासन एवं नवाचारों के लिए 5 विभागों एवं 5 जिलों को मुख्यमंत्री उत्कृष्टता पुरस्कार से सम्मानित किया. सीएम ने ई प्रगति पोर्टल का शुभारंभ किया है. इस पोर्टल के जरिए छत्तीसगढ़ के सभी विभागों के 25 करोड़ रुपये से अधिक लागत वाले निर्माण कार्यों की निगरानी की जाएगी. इस पोर्टल के माध्यम से निर्माण की मंजूरी से लेकर बजट, मजदूरी, भुगतान, एमआईएस, स्ट्रक्चर लेवल सहित सभी पहलुओं की सीएम ऑफिस से मॉनिटरिंग होगी.

आम जन तक पहुंचे बुनियादी सुविधाएं- सीएम

गुड गवर्नेंस का उद्देश्य यह है कि समाज के अंतिम व्यक्ति को बुनियादी सेवाओं के लिए भटकना न पड़े. पंचायतों में शुरू किए गए अटल डिजिटल सेवा केंद्रों के माध्यम से ग्रामीणों को आधार, पेंशन, बैंकिंग और बिल भुगतान जैसी सुविधाएं एक ही स्थान पर उपलब्ध हो रही हैं. हमारी सरकार ने तकनीकी नवाचारों के माध्यम से नागरिकों तक सुशासन की प्रभावी पहुंच सुनिश्चित करने के लिए अनेक पहल की हैं. इसी क्रम में आज ई-प्रगति पोर्टल का शुभारंभ किया गया है.

ई प्रगति पोर्टल का उद्देश्य सरकार की योजनाओं को लागू करने में अधिक प्रभावी बनाना है. इस पोर्टल से योजनाओं की प्रगति का डेटा रियल-टाइम में उपलब्ध होगा. सभी विभागों, जिला प्रशासन तथा मुख्यमंत्री कार्यालय के बीच बेहतर समन्वय स्थापित होगा. इससे राज्य में ई-गवर्नेंस को और मजबूती मिलेगी तथा नागरिकों को योजनाओं का लाभ समय पर मिल सकेगा- विष्णुदेव साय, सीएम, छत्तीसगढ़

सीएम ने सुशासन पर दिया जोर

इस अवसर पर सीएम विष्णुदेव साय ने सुशासन पर जोर दिया. उन्होंने कहा कि हमारी सरकार ने देश का पहला सुशासन एवं अभिसरण विभाग बनाया है, जो सभी योजनाओं के समन्वय और प्रभावी क्रियान्वयन का केंद्र है. पिछले दो वर्षों में हमने 400 से अधिक नीतिगत सुधार किए हैं और कई सुधार किए हैं. इसका फायदा आम जन को मिला है. सीएम साय ने कहा कि शासन में नवाचार को बढ़ावा देने के लिए पहल और प्रेरणा योजनाएं प्रारंभ की जा रही हैं. पहल से नए विचारों को सहयोग मिलेगी और प्रेरणा से सफल योजनाओं का विस्तार होगा. राज्य में जल्द ही मुख्यमंत्री हेल्पलाइन नंबर भी प्रारंभ की जाएगी, जिससे शिकायत निवारण और जनभागीदारी मजबूत होगी.

आज मुख्यमंत्री उत्कृष्टता पुरस्कार के माध्यम से 5 जिलों और 5 विभागों के नवाचारी प्रयासों को सम्मानित किया गया है. इससे अच्छा कार्य करने वाले अधिकारी प्रोत्साहित होंगे. आगामी वर्ष से 8 अलग-अलग क्षेत्रों में यह पुरस्कार प्रदान किया जाएगा, जिनमें ई-गवर्नेंस, सेवा वितरण, ग्रामीण और शहरी विकास जैसे क्षेत्र शामिल होंगे- विष्णुदेव साय, सीएम, छत्तीसगढ़

सम्मानित जिलों के नाम

दंतेवाड़ा जिले की ब्लॉकचेन आधारित भूमि अभिलेख डिजिटलीकरण पहल एक प्रमुख उदाहरण के रूप में सामने आई. इस नवाचार के माध्यम से मैनुअल और कागजी प्रक्रियाओं को समाप्त कर ब्लॉकचेन आधारित छेड़छाड़-रोधी प्रणाली लागू की गई, जिससे भूमि अभिलेख प्राप्त करने का समय हफ्तों से घटाकर कुछ ही मिनटों में संभव हो सका. इसके लिए दंतेवाड़ा को सम्मानित किया गया.

जशपुर जिले की निर्माण जशपुर पहल ने यह दर्शाया कि एकीकृत डिजिटल मॉनिटरिंग किस प्रकार बुनियादी ढांचा परियोजनाओं के क्रियान्वयन को प्रभावी बना सकती है. इसलिए जशपुर को सम्मानित किया गया.

मोहला–मानपुर–अंबागढ़ चौकी में लागू संवर्धित टेक-होम राशन (A-THR) नवाचार ने गंभीर कुपोषण जैसी चुनौती का प्रभावी समाधान प्रस्तुत किया. इसलिए मोहला मानपुर और अंबागढ़ चौकी को सम्मानित किया गया है.

गरियाबंद जिले की हाथी ट्रैकिंग एवं अलर्ट ऐप ने मानव–वन्यजीव संघर्ष को कम करने में तकनीक की भूमिका को साबित किया है. AI आधारित ट्रैकिंग और रियल-टाइम अलर्ट व्यवस्था के माध्यम से इसमें सफलता मिली है. इसलिए गरियाबंद को सम्मानित किया गया है.

नारायणपुर जिले का इंटिफाई इंटेलिजेंस टूल आंतरिक सुरक्षा के क्षेत्र में डेटा एकीकरण की उपयोगिता को दर्शाता है. इसलिए नारायणपुर को सम्मान मिला है.


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