रायपुर से अमित शाह की दहाड़... कहा 31 मार्च 2026 से पहले छत्तीसगढ़ नक्सल मुक्त होगा
छत्तीसगढ़ की राजधानी रायपुर के पुलिस परेड ग्राउंड मैदान में पुलिस संगठनों को उनकी विशिष्ट सेवाओं और अनुकरणीय कर्तव्यनिष्ठा के लिए ‘राष्ट्रपति का निशान (प्रेसिडेंट्स कलर्स)’ सम्मान प्रदान किया गया। अमित शाह कल जगदलपुर में नक्सल प्रभावित इलाको में जाएंगे और जवानों का हौंसला बढ़ाएंगे। केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह छत्तीसगढ़ के दौरे पर है। तीन वर्ष के भीतर नक्सलवाद को समाप्त करने का प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी और केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह का संकल्प रंग ला रहा है। जनवरी 2024 में शाह ने नक्सल विरोधी मुहिम के लिए जो रोडमैप तैयार किया, उसका असर एक वर्ष के भीतर दिखा है। अमित शाह ने नक्सलियों से हथियार छोड़कर मुख्यधारा में शामिल होने का अनुरोध किया। उन्होंने कहा कि जब छत्तीसगढ़ नक्सलवाद से मुक्त हो जाएगा तो पूरा देश इस समस्या से मुक्त हो जाएगा। इसके साथ ही अमित शाह ने कहा कि ‘राष्ट्रपति कलर अवार्ड’ सिर्फ एक पुरस्कार नहीं है, बल्कि यह सेवा, समर्पण और बलिदान का प्रतीक है। यह उन अनगिनत चुनौतियों की याद दिलाता है, जिनसे पुलिस को निपटना होता है। उन्होंने विश्वास व्यक्त किया कि छत्तीसगढ़ पुलिस अपनी जिम्मेदारियों का निर्वहन करेगी तथा अपने कर्तव्य से कभी पीछे नहीं हटेगी। अमित शाह ने कहा कि पिछले एक साल में 287 नक्सलियों को छत्तीसगढ़ में ढेर किया गया है। 1000 नक्सलियों को गिरफ्तार और 837 नक्सलियों ने सरकार के सामने आत्मसमर्पण किया है।
सुकमा से बड़ी खबर है। अमित शाह के बस्तर प्रवास से ठीक पहले 9 नक्सली गिरफ्तार किए गए हैं। विस्फोटक सामग्री भी बरामद हुई है। जानकारी के मुताबिक, जवान जब सर्चिंग पर निकले थे, तभी इस कार्रवाई को अंजाम दिया गया। एसपी किरण चव्हाण ने इसकी पुष्टि की है। वहीं, एक नक्सली दम्पति समेत 5 हार्डकोर नक्सलियों ने सरेंडर किया है। इनमें एक महिला व एक पुरुष नक्सली पर 8-8 लाख का इनाम घोषित है। कुल 25 लाख के इनामी नक्सलियों ने सरेंडर किया है।
छत्तीसगढ़ पुलिस को राष्ट्रपति का निशान
इस बीच, अपने दौरे के पहले दिन रविवार को अमित शाह ने रायपुर के पुलिस परेड ग्राउंड मैदान में ‘राष्ट्रपति का निशान (प्रेसिडेंट्स कलर्स)’ प्रदान किया। सशस्त्र बलों और पुलिस संगठनों को उनकी विशिष्ट सेवाओं और अनुकरणीय कर्तव्यनिष्ठा के लिए मिलने वाला ‘राष्ट्रपति का निशान (प्रेसिडेंट्स कलर्स)’ देश का सर्वोच्च सम्मान है।
छत्तीसगढ़ पुलिस को यह सम्मान उसकी स्थापना के केवल 24 वर्षों के भीतर प्राप्त हुआ है, जो इसे यह गौरव पाने वाले सबसे युवा पुलिस बलों में से एक बनाता है। 2000 में छत्तीसगढ़ राज्य के गठन के बाद इस पुलिस बल का गठन किया गया।
पुलिस कर्मियों का बढ़ेगा मनोबल
अमित शाह ने कहा, 'मुझे विश्वास है कि कल से जब छत्तीसगढ़ पुलिस के जवान अपनी वर्दी पर यह प्रतीक चिह्न लगाकर निकलेंगे तब उनका मनोबल कई गुना बढ़ जाएगा।' केंद्रीय मंत्री ने कहा कि राज्य और केंद्र सरकार मिलकर 31 मार्च 2026 से पहले छत्तीसगढ़ से नक्सलवाद को पूरी तरह से खत्म कर देंगे।
16 दिसंबर को शाह जगदलपुर में नक्सल अभियानों में शहीद हुए जवानों को श्रद्धांजलि देकर उनके स्वजन व नक्सल हिंसा में जान गंवाने वाले लोगों के परिवारों के साथ मुलाकात भी करेंगे। इसके बाद जगदलपुर में सुरक्षा कैंप का दौरा और विकास कार्यों का निरीक्षण कर जवानों के साथ भोजन करेंगे।
10 साल में पूरे देश में नक्सलवाद पर लगाम लगी
उन्होंने कहा कि पीएम मोदी के नेतृत्व में 10 साल में पूरे देश में नक्सलवाद पर लगाम लगी है। शाह ने नक्सलियों से हिंसा छोड़कर मुख्यधारा में शामिल होने की अपील भी की। उन्होंने कहा, ‘मैं नक्सलियों से अपील करना चाहूंगा कि हमारी राज्य सरकार ने बहुत अच्छी आत्मसमर्पण नीति बनाई है, इसलिए उन्हें हिंसा छोड़ देनी चाहिए। उन्हें मुख्यधारा में शामिल होना चाहिए, विकास के पथ पर आगे बढ़ना चाहिए और छत्तीसगढ़ के विकास में भी योगदान देना चाहिए।’
