अंबिकापुर के युवा किसान ने धान की खेती छोड़ा अदरक की खेती से बढ़ाई कमाई
छत्तीसगढ़ के सरगुजा संभाग मुख्यालय अंबिकापुर से 15 किलोमीटर दूर दरिमा गांव के एक युवा किसान ने पारंपरिक धान की खेती के बजाय अदरक की खेती कर बेहतर मुनाफा कमाया है. किसान ने बताया कि अदरक की खेती में धान की तुलना में अधिक लाभ मिलता है. खेती में नए प्रयोग कर अच्छी आमदनी हासिल कर रहे हैं. उन्होंने बताया कि धान की तुलना में अदरक की खेती से उन्हें काफी ज्यादा मुनाफा हुआ है.
किसान ने जानकारी दी कि पिछले साल उन्होंने लगभग पौने एकड़ जमीन में अदरक की खेती की थी. इस दौरान करीब 30 से 35 क्विंटल तक अदरक का उत्पादन हुआ. उस समय अदरक का भाव लगभग 150 रुपये प्रति किलोग्राम के आसपास रहा, जिससे उन्हें लगभग 4 लाख रुपये का मुनाफा हुआ.
धान की तुलना में अधिक आमदनी
एक एकड़ में धान की खेती से उतनी आमदनी नहीं हो पाती, जितनी अदरक की खेती से हो सकती है. उनके अनुसार, धान में उत्पादन और लागत को देखते हुए मुनाफा सीमित रहता है, जबकि अदरक में अच्छी पैदावार और बाजार भाव मिलने पर किसानों को बेहतर आमदनी हो सकती है. इसी वजह से इस साल उन्होंने अदरक की खेती का रकबा बढ़ाकर करीब एक एकड़ कर दिया है. उनका कहना है कि खेती में बदलाव करके किसान अपनी आमदनी बढ़ा सकते हैं.
किसान ने बताया कि अदरक को बेचने में उन्हें ज्यादा परेशानी नहीं होती. वह अपनी उपज मंडी लेकर जाते हैं, जहां गुणवत्ता के हिसाब से उन्हें उचित भाव मिल जाता है. उनका कहना है कि अगर उत्पादन अच्छा हो और बाजार में सही रेट मिले तो अदरक किसानों के लिए फायदे की फसल साबित हो सकती है. किसानों को सलाह देते हुए कहते हैं कि सिर्फ धान की खेती पर निर्भर रहने के बजाय किसानों को अन्य फसलों पर भी ध्यान देना चाहिए.
