पीएम नरेद्र मोदी की अपील का असर:छत्तीसगढ़ के मंत्रियों, बीजेपी नेताओं ने अपने कारकेड में कटौती
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के ईंधन संरक्षण, संसाधनों के विवेकपूर्ण उपयोग एवं सादगीपूर्ण जीवनशैली अपनाने के आह्वान से प्रेरित होकर छत्तीसगढ़ के मंत्रियों, बीजेपी नेताओं ने अपने कारकेड में कटौती की है, तो कुछ ने फॉलो गाड़ी/प्रोटोकॉल उपयोग नहीं करने का निर्णय लिया है। प्रदेश के मुखिया सीएम विष्णुदेव साय ने अपने कारकेड में कटौती की है। उन्होंने कहा कि उनके आधिकारिक भ्रमणों के दौरान अब केवल अत्यावश्यक वाहनों को ही कारकेड में शामिल किया जाएगा। साथ ही मंत्रीगणों और विभिन्न निगम-मंडलों के पदाधिकारियों से भी वाहनों एवं अन्य सरकारी संसाधनों के संयमित उपयोग का आग्रह किया गया है।
प्रोटोकॉल काफिले से चार वाहनों का उपयोग कम करने का फैसला: रमन सिंह
छत्तीसगढ़ विधानसभा अध्यक्ष और प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री डॉ. रमन सिंह ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के वर्तमान वैश्विक परिस्थितियों को देखते हुए देशवासियों से की गई अपील का सम्मान करते हुए एक महत्वपूर्ण निर्णय लिया है। उन्होंने अपने प्रोटोकॉल काफिले से चार वाहनों का उपयोग कम करने का फैसला लिया है।
फॉलो गाड़ी/प्रोटोकॉल उपयोग नहीं करने का निर्णय : वित्त मंत्री ओपी चौधरी
प्रदेश के वित्त मंत्री ओपी चौधरी ने पीएम मोदी की अपील पर स्थिति सामान्य होते तक कुछ सुरक्षा संबंधी अति अनिवार्य परिस्थितियों को छोड़कर कोई पायलट या फॉलो गाड़ी/प्रोटोकॉल उपयोग नहीं करने का निर्णय लिया है।
मंत्री लक्ष्मी राजवाड़े ने छोड़ा विशेष प्रोटोकॉल वाहन
महिला एवं बाल विकास और समाज कल्याण मंत्री लक्ष्मी राजवाड़े ने स्थिति सामान्य होने तक सुरक्षा संबंधी अत्यंत आवश्यक परिस्थितियों को छोड़कर पायलट वाहन, फॉलो गाड़ी एवं अन्य विशेष प्रोटोकॉल वाहनों का उपयोग नहीं करने के निर्देश दिए हैं। मंत्री राजवाड़े ने कहा कि वर्तमान समय में ईंधन संरक्षण केवल आर्थिक विषय नहीं, बल्कि राष्ट्रहित और पर्यावरण संरक्षण से जुड़ी सामूहिक जिम्मेदारी है। उन्होंने कहा कि जनप्रतिनिधियों को स्वयं उदाहरण प्रस्तुत करते हुए संसाधनों के संयमित उपयोग का संदेश देना चाहिए।
देशहित के मुद्दों पर विपक्ष कर रहा दुर्भाग्यपूर्ण राजनीति : डिप्टी सीएम अरुण साव
उप मुख्यमंत्री अरुण साव ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने देशवासियों से वैश्विक परिस्थितियों को देखते हुए पेट्रोल, डीजल, पेट्रोलियम पदार्थों और रासायनिक उर्वरकों के उपयोग को कम करने का आग्रह किया है। उन्होंने कहा कि देश पर जब भी कठिन परिस्थितियां आती हैं, तब नागरिकों के सहयोग से ही उनका प्रभावी समाधान संभव हो पाता है।
साव ने कहा कि देश को महान और सक्षम बनाने में नागरिकों की सबसे महत्वपूर्ण भूमिका होती है। उन्होंने कहा कि, प्रधानमंत्री मोदी की अपील पर अमल करना हम सबका दायित्व है। हर नागरिक को देशहित में उनके आग्रह का पालन करना चाहिए। उप मुख्यमंत्री ने कहा कि, पूर्व में भी अलग-अलग प्रधानमंत्रियों ने देशहित में जनता से सहयोग मांगा है। पंडित जवाहरलाल नेहरू और लाल बहादुर शास्त्री ने भी देशवासियों से सहयोग का आह्वान नहीं किया था। उन्होंने कहा कि वैश्विक महामारी कोरोना काल में भी प्रधानमंत्री मोदी के आह्वान पर देशवासियों ने सरकार का साथ दिया और मिलकर कोरोना जैसी चुनौती का सामना किया।
साव ने कहा कि, प्रधानमंत्री जी यह अपील देश को मजबूत, सक्षम और आत्मनिर्भर बनाने के लिए आवश्यक है। उन्होंने आरोप लगाया कि इंडी गठबंधन और कांग्रेस इस मुद्दे पर भी राजनीति कर रहे हैं, जो दुर्भाग्यपूर्ण है। विपक्ष का यह रवैया उनके देशहित के प्रति नकारात्मक सोच को दर्शाता है।
रायपुर सांसद एवं वरिष्ठ भाजपा नेता बृजमोहन अग्रवाल ने प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के आह्वान का पुरजोर समर्थन करते हुए कहा कि हमें युद्ध के इस दौर में पेट्रोलियम, गैस, तेल और सोने की खपत कम से कम करनी चाहिए। क्योंकि यही अब सबसे बेहतर रास्ता है। जिन चीजों का हम उत्पादन नहीं कर सकते, उनकी कम से कम खपत करके हम अपने विदेशी मुद्रा भंडार की बचत कर सकते हैं। उन्होंने कहा कि, प्रधानमंत्री मोदी जी पर पूरी देश की जनता को विश्वास है कि वह देश को तेल और उर्जा के इस संकट के दौर से से समूचे देश को बाहर निकाल लेंगे और इसलिए ही उन्होंने इस तरह का आह्वान देश वासियों से किया है। प्रधानमंत्री मोदी के इस आह्वान का मैं सबसे अधिक समर्थन करता हूँ क्योंकि इस समय हम उर्जा उत्पादों सहित अन्य उपयोगी चीज़ों के लिए 22 लाख करोड़ की विदेशी मुद्रा का भुगतान कर रहे हैं। लिहाज़ा पेट्रोलियम, गैस, तेल और सोने की खपत कम करेंगे तो हमारी विदेशी मुद्रा ही बचेगी और वह देश की आर्थिक स्थिति को और मजबूत करेगी।
पीएम मोदी के आह्वान पर भाजपा प्रदेश कार्य समिति बैठक में शामिल होने भाजपा प्रवक्तागण बैटरी चलित बाहन में भाजपा कार्यालय गये।
