रायपुर में रिकॉर्ड तोड़ गर्मी, राजनांदगांव सबसे गर्म, अगले तीन दिनों तक राहत के आसार नहीं
छत्तीसगढ़ के मध्य हिस्सों में गर्मी ने विकराल रूप ले लिया है। दिन के साथ-साथ रातें भी गर्म बनी हुई हैं। राजधानी रायपुर में अप्रैल की तपिश ने इस बार पांच वर्ष का रिकॉर्ड तोड़ दिया है। शनिवार को अधिकतम तापमान 44.6 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया, जो वर्ष 2021 के बाद सबसे अधिक है और सामान्य से 4.2 डिग्री ज्यादा है। प्रदेश में गर्मी ने इस कदर असर दिखाया कि राजनांदगांव 45.5 डिग्री के साथ सबसे गर्म रहा। जबकि रायपुर भी 45 डिग्री के बेहद करीब पहुंच गया।
अगले तीन दिनों तक राहत के आसार नहीं
तेज धूप और गर्म हवा ने दिनचर्या को प्रभावित कर दिया है। दोपहर में सड़कें सूनी नजर आ रही हैं। मौसम विभाग ने साफ संकेत दिए हैं कि अगले तीन दिनों तक राहत के आसार नहीं हैं और मध्य छत्तीसगढ़ में ग्रीष्म लहर जैसी स्थिति बनी रहेगी। विभाग के अनुसार प्रदेश के मौसम को प्रभावित करने वाले कई सिस्टम एक साथ सक्रिय हैं। पूर्वी उत्तर प्रदेश और उसके आसपास डेढ़ किलोमीटर ऊंचाई तक ऊपरी हवा का चक्रीय चक्रवाती परिसंचरण बना हुआ है। वहीं, उत्तर अंदरूनी कर्नाटक से कोमोरिन क्षेत्र तक 0.9 किलोमीटर ऊंचाई तक द्रोणिका विस्तारित है।
इसके साथ ही अंदरूनी महाराष्ट्र के आसपास 3.1 से 5.8 किलोमीटर ऊंचाई तक प्रति चक्रवात सक्रिय है। इन मौसमी सिस्टम के प्रभाव से बंगाल की खाड़ी से नमी युक्त हवा प्रदेश में पहुंच रही है।
पारा सामान्य तापमान से अधिक
प्रदेश के शहरों का तापमान लगातार सामान्य से ऊपर बना हुआ है। बिलासपुर में 43.6, दुर्ग में 43.2 और पेंड्रारोड में 41.7 डिग्री तापमान दर्ज किया गया। वहीं अंबिकापुर में 41.0 और जगदलपुर में 38.0 डिग्री तापमान रहा। सभी शहरों में तापमान सामान्य से दो से चार डिग्री अधिक रहने से लू का असर बढ़ गया है और जनजीवन प्रभावित हो रहा है।